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Wednesday, December 2, 2009

विकलांगों को तोहफा

विश्व विकलांग दिवस की पूर्व संध्या पर बुधवार को मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने 'जवाहर सोशल इन्फ्रास्ट्रक्चर मिशन' योजना शुरू करने की घोषणा की। इस योजना के तहत विकलांगों, वरिष्ठ नागरिकों और बच्चों के विकास एवं उत्थान पर विशेष बल दिया जाएगा। जिलास्तर पर विशेष स्कूल या संस्थान खोले जाएंगे। इसके लिए 150 करोड़ रुपये का बजट रखा गया है।विश्व विकलांग दिवस पर जारी अपने संदेश में मुख्यमंत्री ने कहा कि अपनी तरह की इस पहली योजना के तहत नेत्रहीनों, मूक एवं बधिरों, शारीरिक रूप से विकलांग लोगों, मानसिक विक्षिप्तों, वरिष्ठ नागरिकों तथा बच्चों के लिए जिला स्तर पर विशेष स्कूल या संस्थान स्थापित किए जाएंगे। योजना के तहत नेत्रहीनों के लिए 10 विद्यालय, मूक एवं बधिरों के लिए आठ विद्यालय, मानसिक विक्षिप्तों के लिए छह विद्यालय, तीन राज्यस्तरीय संस्थान, मानसिक विक्षिप्तों के लिए दो गृह, वरिष्ठ नागरिकों के लिए चार गृह, छह बाल गृह तथा 21 व्यावसायिक शिक्षा एवं प्रशिक्षण केंद्र स्थापित किए जाएंगे। उन्होंने कहा कि विस्तृत परियोजना रिपोर्ट तथा प्रस्तावित भवनों के नक्शे पहले ही तैयार किए जा चुके हैं। मुख्यमंत्री ने कहा कि मानसिक विक्षिप्तों के लाभार्थ 'घरौंदा' नामक अन्य योजना लागू की गई है, ताकि उन्हें आश्रय उपलब्ध कराया जा सके। यह योजना गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन कर रहे मानसिक विक्षिप्तों के लिए राष्ट्रीय न्यास तथा राज्य सरकार द्वारा बराबर हिस्सेदारी के आधार पर चलाई जा रही है। गरीबी रेखा से ऊपर वाले मानसिक विक्षिप्त आठ लाख रुपये की राशि अदा करके इस योजना का लाभ प्राप्त कर सकते हैं। प्रदेश सरकार ने इस योजना के क्रियान्वयन के लिए एक करोड़ रुपये निर्धारित किए हैं।

Saturday, November 14, 2009

गरीबों के लिए मुफ्त एंबुलेंस सेवा

बाल दिवस के अवसर पर शनिवार को प्रदेश में दो नई योजनाएं 'नेहरू बाल दृष्टि योजना' और 'हरियाणा स्वास्थ्य वाहन सेवा नंबर 102 शुरू की गईं। गरीबी रेखा से नीचे जीवनयापन करने वाले परिवारों के रोगियों, गर्भवती महिलाओं, स्वतंत्रता सेनानियों के परिवारों और भूतपूर्व सैनिकों के परिवारों के लिए नि:शुल्क एंबुलेंस सेवा की शुरुआत मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने पंचकूला में एंबुलेंस वाहनों को हरी झंडी दिखाकर किया। नेहरू बाल दृष्टि योजना का श्रीगणेश करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि इसके तहत राज्य में चार नेत्र बैंक स्थापित किए जाएंगे। साथ ही नेत्रदान करने वालों की सुविधा के लिए भी जिलों में नेत्रदान केंद्र स्थापित किए जाएंगे। कोई भी व्यक्ति टोल फ्री नंबर 102 डायल कर नेत्रदान के संबंध में सूचना प्राप्त कर सकता है। यह नंबर सभी एंबुलेंस वाहनों में भौगोलिक स्थिति प्रणाली के साथ सुसज्जित होगा।
हुड्डा ने कहा कि यह एंबुलेंस सेवा गरीबी रेखा से नीचे जीवन यापन कर रहे परिवारों के रोगियों, अधिसूचित जाति व मलिन बस्तियों के वासियों,सड़क दुर्घटनाओं के पीडि़तों, गर्भवती महिलाओं, स्वतंत्रता सेनानियों के परिवारों तथा भूतपूर्व सैनिकों के लिए नि:शुल्क उपलब्ध होंगी। अन्य श्रेणी के रोगियों को एंबुलेंस सेवा के लिए सात रुपये प्रति किलोमीटर की दर से अदायगी करनी होगी।

Wednesday, October 28, 2009

हुड्डा ने पास की अग्निपरीक्षा

सात निर्दलीय विधायकों व एक बसपा विधायक के सहारे बुधवार को कांग्रेस ने सदन में अपना बहुमत साबित कर दिया। 90 सदस्यीय विधानसभा में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा द्वारा रखे गए विश्वास प्रस्ताव को 47 विधायकों ने पहले तो ध्वनिमत से फिर मांग आने पर खड़े होकर अपना समर्थन दिया। इस तरह हुड्डा ने अपनी पहली अग्नि परीक्षा पास कर ली है।

इधर हजकां के छह विधायक शपथ लेने के बाद विधानसभा अध्यक्ष के चुनाव के बीच सदन से चले गए और लौट कर नहीं आए। यानि विश्वास मत के दौरान वे सदन में नहीं थे। हजकां विधायक दल के नेता कुलदीप बिश्नोई ने फोन पर बताया कि अभी हमारे सभी विकल्प खुले है। हम सरकार को भी समर्थन कर सकते है, इनेलो को भी और विपक्ष में भी बैठ सकते है। उन्होंने कहा कि समर्थन देने की हमारी कोई शर्त नहीं है हम केवल चाहते है कि जो वायदे चुनाव में हमने जनता से किए हैं वे पूरे हों।
विधानसभा चुनाव में कांग्र्रेस को 40, इनेलो-अकाली दल को 32, हजकां को छह, भाजपा को चार, निर्दलीय सात और बसपा को एक सीट मिली थी। 90 सदस्यीय हरियाणा विधानसभा में बहुमत के लिए 46 विधायकों का साथ चाहिए, क्योंकि चौटाला दो सीटों से जीते थे इसलिए सदन 89 सदस्यों का रह जाता है। इसलिए बहुमत के लिए 45 विधायक चाहिए थे, पर कांग्रेस ने 47 विधायकों के साथ बहुमत पेश कर दिया। राज्यपाल ने बड़ा दल होने के नाते कांग्रेस को बहुमत साबित करने के लिए सप्ताह का वक्त दिया था।
वैसे जरूरत पड़ती तो विधानसभा अध्यक्ष हरमोहिंदर सिंह चïट्ठा भी कांग्रेस के पक्ष में वोट कर सकते थे। इस प्रकार कांग्रेस के पास इस समय 48 का आंकड़ा है। विश्वास मत पर इनेलो विधायक दल और सत्ता पक्ष के बीच करीब एक घंटा बहस चलती रही। बीच-बीच में भाजपा के अनिल विज व कृष्णपाल गुज्जर भी बोलते रहे। शोर शराबे में विश्वास मत पर बहस नहीं हो पाई। आखिर में वोटिंग हो गई। चौटाला और भाजपा सदन को और दो-तीन दिन चलाने की मांग कर रहे थे। अंत में चौटाला ने वाटिंग की मांग की और उसे स्वीकार कर लिया गया।
कौन-कौन हैं साथ
कांग्रेस के 40 विधायकों के अलावा निर्दलीय विधायक प्रह्लïाद सिंह गिल्ला खेड़ा, गोपाल कांडा, सुखबीर कटारिया, जलेब खान, ओम प्रकाश जैन, सुलतान जडौला, शिवचरण शर्मा और बसपा विधायक अकरम खान ने सरकार के पक्ष में मतदान किया।


Sunday, October 25, 2009

हरियाणा के मुख्यमंत्री और उनके कार्यकाल

पं. भगवत दयाल शर्मा



01.11.1966 से 23.03.1967
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राव बीरेंद्र सिंह


24.03.1967 से 20.11.1967
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बंसी लाल
1. 22.05.1968 से 30.11.1975
2. 05.07.1985 से 19.06.1987
3. 11-05.1996 से 23.07.1999
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बनारसी दास गुप्ता


1. 01.12.1975 से 30.04.1977
2. 22.05.1990 से 12.07.1990
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चौधरी देवीलाल

1. 21.06.1977 से 28.06.1979
2. 17.07.1987 से 02.12.1989
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चौधरी भजनलाल

1. 29.06.1979 से 05.07.1985
2. 23.07.1991 से 09.05.1996
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ओमप्रकाश चौटाला

1. 02.12.1989 से 22.05.1990
2. 12.07.1990 से 17.07.1990
3. 24.07.1999 से 04.03.2005
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हुकम सिंह


1. 17.07.1990 से 21.03.1991
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भूपेंद्र सिंह हुड्डा


1. 05.03.2005 से 25.10.2009
2. 25.10.2009 से शुरू

Hooda ने बनाया नया रिकॉर्ड

सीएम की कुर्सी या कांटों का ताज
भूपेंद्र सिंह हुड्डा के सिर पर दूसरी बार मुख्यमंत्री का ताज रखा गया। राज्यपाल जगन्नाथ पहाडिय़ा ने रविवार शाम उन्हें पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। उन्हें बहुमत साबित करने के लिए सात दिन का वक्त दिया गया है। पर इस बार मुख्यमंत्री की कुर्सी किसी कांटों के ताज से कम नहीं है। निर्दलियों के समर्थन से चलने वाली अल्पमत सरकार को घेरने का विपक्ष कोई मौका नहीं चूकेगा। वहीं सहयोगी दलों से तालमेल बनाए रखना भी हुड्डा के लिए किसी चुनौती से कम नहीं होगा। नवनिर्वाचित विधानसभा का पहला सत्र 28 व 29 अक्टूबर को होगा, जिसमें हुड्डा बहुमत साबित करेंगे। इसी बीच हजकां ने भी सरकार को समर्थन देने का फैसला कर लिया है। समर्थन की शर्तें क्या होंगी यह अभी तय नहीं हैं।
रविवार को राज्यपाल जगन्नाथ पहाडिय़ा ने हरियाणा राजभवन में आयोजित समारोह में भूपेंद्र सिंह हुड्डा को मुख्यमंत्री के पद एवं गोपनीयता की शपथ दिलाई। हुड्डा ने कांग्रेस पार्टी के तीन केंद्रीय पर्यवेक्षकों, हरियाणा मामलों के प्रभारी एवं प्रधानमंत्री कार्यालय में राज्यमंत्री पृथ्वीराज चव्हाण, कांग्रेस के महासचिव बीके हरि प्रसाद और मोहसिना किदवई की उपस्थिति में हिंदी में पद एवं गोपनीयता की शपथ ली।
सात निर्दलियों व बसपा के एक विधायक के बाद हजकां के समर्थन से सरकार को कुछ स्थायीत्व मिल गया है। शपथ ग्रहण समारोह में हुड्डा ने अकेले शपथ ग्रहण की। कहा जा रहा है कि आलाकमान से विचार-विमर्श के बाद वह जल्द ही अपने मंत्रिमंडल का विस्तार करेंगे। इसके अलावा कांग्रेस के सभी गुटों को खुश करने और हजकां और निर्दलियों को भी संतुष्ट करना भी चुनौती से कम नहीं है। प्रदेश में कुल 14 मंत्री बन सकते हैं और सभी निर्दलीय मंत्री पद पाने की जोड़-तोड़ में हैं। इनेलो के संपर्क में पूर्व से रहे तीन निर्दलियों को तो पहले विस्तार में मंत्री पद हर हाल में देना ही होगा। इसके अलावा रोहतक, झज्जर व सोनीपत से बाहर अपने प्रभाव का विस्तार करना भी हुड्डा के लिए चुनौती से कम नहीं है। इन चुनावों में एक बार फिर हुड्डा और कांग्रेस इन्हीं जिलों में सिमटते नजर आए।

Tuesday, February 3, 2009

ताउम्र खलेगी पिता की कमी : हुड्डा

शोक में डूबे मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि सिर से पिता का साया उठ जाने से वह असहाय महसूस कर रहे हैं। पिता जी की कमी जीवन पर्यत खलती रहेगी, क्योंकि पिता जी ने उन्हें विशेष स्नेह, अथाह प्रेम, आशीर्वाद और दुलार दिया। जिसने हमेशा प्रेरित किया है। मुख्यमंत्री बोले, आज वह इन सब चीजों से वंचित हो गए हैं। हुड्डा ने कहा कि जो व्यक्ति मां-बाप की सेवा करता है उसके समान भाग्यशाली कोई भी नहीं होता। भगवान की ऐसी अनुकम्पा भाग्यवान लोगों पर ही होती है। हुड्डा ने देश के इस सपूत को श्रद्धासुमन अर्पित करने आए विभिन्न धार्मिक संस्थाओं के प्रतिनिधियों और लोगों का आभार व्यक्त करते हुए कहा कि यह जनसमू इसका परिचायक है कि रणबीर सिंह ईमानदारी, सच्चाई और नेक-नीयत के धनी थे।
हृदय पटल में बसे रहेंगे दादाजी : दीपेंद्र हुड्डा : युवा सांसद दीपेंद्र हुड्डा ने कहा कि रणबीर सिंह के निधन से संविधान सभा के सदस्य के रूप में आखिरी कड़ी समाप्त हो गई और इसके साथ ही अंत हो गया एक युग का। उन्होंने कहा कि वह अपने दादा चौ. रणबीर सिंह की गोद में खेले, पढ़े-लिखे और बडे़ हुए। उनके आशीर्वाद से ही जनसेवा के लिए राजनीति में आए। उनकी स्मृति हृदय पटल पर हमेशा बसी रहकर सदैव मार्गदर्शन करती रहेगी। दीपेंद्र ने कहा कि दादा जी के आदर्शो और सिद्धांतों को आत्मसात करते हुए वे जन सेवा के कार्य और अधिक निष्ठा, लगन और मेहनत से करेंगे।
11 फरवरी को होगी रस्म पगड़ी : स्वतंत्रता सेनानी रणबीर सिंह हुड्डा की रस्म पगड़ी 11 फरवरी को दोपहर एक से दो बजे के बीच स्थानीय जाट कालेज के प्रांगण में होगी। पारिवारिक सूत्रों ने यह जानकारी दी।

Sunday, February 1, 2009

Ranbir Hooda का निधन

संविधान निर्मात्री सभा के अंतिम जीवित सदस्य एवं मुख्यमंत्री के स्वतंत्रता सेनानी पिता Ranbir Singh Hooda का रविवार को निधन हो गया। वे 95 वर्ष के थे और अपने पीछे पत्‍‌नी हरदेई देवी एवं पुत्र-पौत्रों का भरापूरा परिवार छोड़ गये है। उनका अंतिम संस्कार सोमवार दोपहर 3 बजे दिल्ली रोड स्थित आईएमटी के ग्रीन बेल्ट इलाके में किया जाएगा। उनके निधन से प्रदेश भर में शोक की लहर दौड़ गई है। उनके निधन पर तीन दिन का राजकीय शोक घोषित किया गया है।
दोपहर बाद चार बजकर चालीस मिनट पर उन्होंने अंतिम सांस ली। उनके निधन के साथ ही हरियाणा की राजनीति का एक ऐसा अध्याय समाप्त हो गया, जिस पर आजीवन कोई उंगली नहीं उठा सका। उनका अंतिम संस्कार सोमवार को दोपहर 3 बजे दिल्ली रोड स्थित आईएमटी परिसर में किया जाएगा। इससे पूर्व दोपहर 1 बजे मुख्यमंत्री आवास से उनकी अंतिम सांसारिक यात्रा शुरू होगी। सड़क के दोनों ओर खड़े होकर जनता अपने चहेते नेता के अंतिम दर्शन कर सकेगी। रणबीर सिंह हुड्डा करीब चार सप्ताह से बीमार चल रहे थे। पीजीआई एवं दिल्ली के डाक्टर उनका उपचार कर रहे थे। कुछ दिन पीजीआई में रखने के बाद उनको घर पर ही रहते हुए उपचार दिया जा रहा था। हाल में उनकी तबीयत अधिक खराब हो गई थी। इसी के चलते मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने भी चंडीगढ़ की बजाय अपने पिता के पास रहने को ही तवज्जो दी। वह करीब तीन सप्ताह से रोहतक में ही अपने पिता के पास थे। रणबीर हुड्डा के स्वास्थ्य में कई बार उतार-चढ़ाव आए। शनिवार को दोपहर अचानक उनकी तबीयत और भी नाजुक हो गई और मुख्यमंत्री एवं उनके सांसद पुत्र ने अपने सभी कार्यक्रम रद्द कर घर पर ही रहना तय किया। इसी बीच अनेक समर्थकों ने हुड्डा के स्वास्थ्य लाभ की कामना की। रविवार की सुबह उनके स्वास्थ्य में कुछ सुधार हुआ और परिजनों एवं बाकी लोगों को भी कुछ राहत नसीब हुई लेकिन, यह राहत अधिक वक्त के लिए नहीं थी। थोड़े वक्त बाद ही रणबीर के स्वास्थ्य में फिर गिरावट हुई और दिल्ली एवं पीजीआई के डाक्टरों की टीम ने जीवन रक्षक उपकरण की भी मदद ली मगर, दुर्भाग्य कि उनके जीवन को बचाया नहीं जा सका। मुख्यमंत्री चौ. भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने खुद बाहर आकर यह दु:खद समाचार लोगों को दिया तो वहां शोक की लहर दौड़ गई।

Tuesday, January 27, 2009

आत्म विश्लेषण की जरूरत : हुड्डा

मुख्यमंत्री भूपेन्द्र सिंह हुड्डा ने कहा कि देश व प्रदेश में जन कल्याण व सामाजिक विकास के कार्य ठीक उसी तरह चल रहे हैं जैसे हमारे संविधान निर्माताओं ने तानाबाना बुना था। गणतंत्र दिवस पर हमें देश प्रदेश व समाज के प्रति अपने फर्ज को लेकर गंभीरता से मंथन करने की जरूरत है। खुशियां मनाने के साथ साथ आत्म विश्लेषण करें ताकि देश में आतंकी संगठन जड़ न जमा पाए व दहेज हत्या, कन्या भ्रूण हत्या, निरक्षरता, नशाखोरी जैसी सामाजिक कुरीतियां जड़ से मिट जाएं। मुख्यमंत्री सोमवार को गुड़गांव के ताऊ देवी लाल स्टेडियम में गणतंत्र दिवस समारोह में संबोधित कर रहे थे।
राष्ट्रीय ध्वज फहराने व भव्य परेड की सलामी लेने के बाद मुख्यमंत्री ने कहा कि महात्मा गांधी से लेकर नेहरू, बोस, पटेल व अंबेडकर जैसे महापुरुषों ने देश के लिए जो बलिदान दिया है वह अनुकरणीय है। सरकार की उपलब्धियों की चर्चा करते हुए मुख्यमंत्री ने कहा कि भूतपूर्व सैनिकों व आश्रितों की पेंशन को बढ़ाने के साथ साथ किसानों के ऋण माफ किए गए। बिजली के मुद्दे पर उन्होंने कहा कि 2012 तक हरियाणा बिजली उत्पादन के क्षेत्र में अग्रिम पंक्ति में होगा। इससे पूर्व मुख्यमंत्री ने जोन हाल स्थित शहीद स्मारक पर शहीदों को श्रद्धांजलि अर्पित की।

Sunday, January 25, 2009

CM Staff रोहतक शिफ्ट

सीएम भूपेंद्र सिंह हुड्डा के पिता चौधरी रणबीर सिंह हुड्डा की तबीयत ठीक न होने से फिलहाल मुख्यमंत्री कार्यालय का कामकाज रोहतक शिफ्ट कर दिया गया है। मुख्यमंत्री प्रदेश से संबंधित सभी फैसलों पर अब रोहतक में बैठकर ही नजर रख रहे हैं। हालांकि चंडीगढ़ में होने वाली मीटिंगों के लिए वह जरूर पहुंचते हैं। बावजूद इसके रात का स्टे रोहतक में ही निर्धारित करने के निर्देश उन्होंने अपने स्टाफ को दे रखे हैं।
सीएम के पिता चौधरी रणबीर सिंह हुड्डा 11 जनवरी से अस्वस्थ चल रहे हैं। सूचना मिलते ही सीएम उसी दिन शहर पहुंच गए थे। इसके बाद उन्होंने तीन दिन के कार्यक्रम रद्द कर दिए और पूरा समय पिता की देख-रेख में ही लगाया। लेकिन इसके बाद प्रशासनिक मजबूरियों के चलते उन्होंने चंडीगढ़ जाने की बजाए रोहतक से ही सरकार चलाने का निर्णय लिया।
फिलहाल शहर के कैनाल रेस्ट हाउस को पूरी तरह से सीएम कार्यालय में तब्दील कर दिया गया है। उनके ओएसडी चोपड़ा और प्राइवेट सेक्रेटरी रणधीर सिंह के अलावा उनका निजी स्टाफ भी कैनाल रेस्ट हाउस से प्रदेश भर की प्रशासनिक और अन्य गतिविधियों पर नजर रखे हुए हैं।
खुद सीएम सुबह के दो घंटे और शाम को फुर्सत मिलते ही कार्यालय से संबंधित कामकाज की जानकारी लेते हैं। सीएम ने अपने स्टाफ को बाकायदा यह निर्देश दे रखे हैं कि कोई भी जरूरी फाइल लेट नहीं होनी चाहिए। यही वजह है कि प्रतिदिन जरूरी फाइलें चंडीगढ़ से रोहतक पहुंच रही हैं और सीएम प्राथमिकता के आधार पर उनका निपटारा कर रहे हैं।

7000 पुलिसकर्मी होंगे भर्ती : हुड्डा

हरियाणा में जल्द ही सरकार द्वारा सात हजार पुलिसकर्मियों की भर्ती की जाएगी। Rohtak में मीडिया कर्मियों से बातचीत में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने यह जानकारी दी। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों की वेतन विसंगतियां दूर करने के लिए राज्य सरकार ने एक कमेटी का गठन कर रखा है। उन्होंने कहा कि आज विपक्ष के जो लोग आधारहीन मुद्दों को लेकर सरकार की आलोचना कर रहे हैं, उनके शासनकाल में प्रदेश का बजट 18 सौ करोड़ से अधिक नहीं था लेकिन, वर्तमान राज्य सरकार ने हरियाणा प्रदेश को विकास की बुलंदियों पर ले जाने के लिए इस बार प्रदेश का बजट 10 हजार करोड़ रुपए के लगभग रखा है। उन्होंने कहा कि रोहतक में आज उन्होंने जिस एग्रोमाल का शिलान्यास किया है उसका निर्माण कार्य भी इसी वर्ष के अंत तक पूरा कर लिया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि किसानों के लाभ के दृष्टिगत राज्य सरकार द्वारा रोहतक के अलावा पंचकूला, पानीपत व करनाल में भी एग्रोमॉल बनाए जा रहे हैं और प्रत्येक निर्माण पर 50 से 80 लाख रुपये तक की लागत आएगी। उन्होंने कहा कि एग्रोमॉल में किसान व उपभोक्ताओं को एक ही छत के नीचे सभी जरूरी सुविधाएं उपलब्ध होगी।
बिजली सुधार पर खर्च होंगे 250 करोड़
बिजली प्रसारण एवं वितरण व्यवस्था को सुदृढ़ बनाने के लिए प्रदेश सरकार ने एक महत्वाकांक्षी योजना तैयार की है, जिसके अंतर्गत जिले में एक 400 केवी सब स्टेशन, दो 220 केवी सब स्टेशन, एक 132 केवी सब स्टेशन और पांच 33 केवी सब स्टेशन स्थापित किए जाएंगे। बिजली प्रणाली को सुदृढ़ करने पर लगभग 250 करोड़ रुपये खर्च होंगे। पुराना बिजली घर में उत्तर हरियाणा बिजली वितरण निगम द्वारा लगभग अढ़ाई करोड़ रुपये से निर्मित किए जाने वाले 33 केवी सब स्टेशन की आधारशिला रखने के उपरांत मीडिया से बातचीत में मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हु्ड्डा ने यह जानकारी दी।

Friday, January 23, 2009

हर किसान व मजदूर का होगा बीमा

मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि प्रदेश सरकार किसान-मजदूर बीमा योजना शुरू कर रही है। इस योजना के तहत किसान व खेतिहर मजदूर का बीमा होगा और प्रीमियम मार्केटिंग बोर्ड देगा। इस बारे में बीमा कंपनियों से बात चल रही है। खेती के दौरान अंग-भंग होने पर एक लाख रुपये तक दिए जाएंगे। बता दें कि पहले यह राशि अधिकतम 50 हजार रुपये थी।
सीएम ने कहा कि प्रदेश का किसान ठाठ कर रहा है। ये ठाठ भी हमनं कराए। किसान के सिर अब कर्ज का बोझ न के बराबर है। हुड्डा ने कहा कि गेहूं का समर्थन मूल्य बढ़ाने के लिए उन्होंने केंद्र सरकार से बात की है। वह चाहते है, समर्थन मूल्य में दो सौ रुपये की बढ़ोतरी हो। उल्लेखनीय है, इस समय गेहूं का समर्थन मूल्य एक हजार रुपये है। हम चाहते है कि बहादुरगढ़ के बाद मेट्रो रोहतक तक पहुंचे। यहां मिलिट्री स्कूल लाने के भी प्रयास चल रहे हैं।

Tuesday, January 20, 2009

Ambala से शैलजा ही होंगी उम्मीदवार

मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने कहा कि प्रदेश सरकार विकास के मुद्दे पर ही लोकसभा चुनाव लड़ने जा रही है। प्रदेश की सभी 10 लोकसभा सीटों के साथ ही चंडीगढ़ की 11वीं सीट भी जीतकर सोनिया गांधी की झोली में डाल देंगे। उन्होंने अंबाला से केंद्रीय राज्यमंत्री कुमारी सैलजा के ही चुनाव लड़ने पर मुहर लगा दी। मुख्यमंत्री सोमवार को कार्यकर्ता सम्मेलन को संबोधित कर रहे थे। उन्होंने लोकसभा चुनावों का शंखनाद करते हुए कुमारी सैलजा को अंबाला से चुनाव लड़ाने व भारी मतों से जिताने का एलान कर दिया। खास बात यह कि अम्बाला से ही ताल ठोंकने वाले मुलाना भी स्टेज पर मौजूद थे और उन्होंने इस पर कोई प्रतिक्रिया नहीं दी। सीएम ने कहा, इनेलो-भाजपा गठबंधन सांप-नेवले की दोस्ती है जो लंबी चलने वाली नहीं है। साथ ही चुनावी बिगुल का शंखनाद किया। प्रदेश कांग्रेस प्रभारी और पूर्व राज्यपाल मोतीलाल वोरा ने अंबाला संसदीय क्षेत्र से कुमारी सैलजा के चुनाव लड़ने की वकालत करते हुए उन्हें कद्दावर नेता बताया। उन्होंने कहा कि प्रदेश सरकार ने अपने घोषणा पत्र पर पूरा अमल किया है। केंद्रीय राज्यमंत्री कुमारी सैलजा ने इस दौरान एनओसी की समस्या खत्म करने, फ्री-होल्ड कराने, कालका, मोरनी, जगाधरी की समस्याएं रखीं। उन्होंने छोटे कर्जदारों के कर्जे माफ करने की अपील भी की। पार्टी प्रदेशाध्यक्ष फूलचंद मुलाना ने विकास के काम गिनवाए और हुड्डा की प्रशंसा करते हुए सभी से सोनिया गांधी के हाथ मजबूत करने की अपील की। उन्होंने भजनलाल और इनेलो-भाजपा की आलोचना भी की। मुलाना ने अंबाला सीट पर अपने दावे की कोई चर्चा नहीं की।

Sunday, January 11, 2009

बिजली रैली बन गई चुनावी सभा

झज्जर के खानपुर खुर्द में 1320 मेगावॉट के बिजली संयंत्र की आधारशिला रखने के लिए आयोजित बिजली रैली चुनावी सभा बनकर रह गई। मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने खानपुर खुर्द में झाड़ली पॉवर प्लांट पर हो रहे कार्य से जनता को अवगत करवाया, वहीं रैली के माध्यम से लोकसभा चुनाव का बिगुल बजाकर सांसद पुत्र दीपेंद्र हुड्डा के पक्ष में मतदान करने की लोगों से अपील भी की। हालांकि अभी लोकसभा चुनाव की घोषणा नहीं हुई है लेकिन रैली में प्रदेश सरकार पूरी तरह से चुनावी माहौल में नजर आई और सभी वक्ता दीपेंद्र को चुनाव में जिताने की अपील करते ही दिखे। मुख्यमंत्री ने बिजली संयंत्र का नाम राष्ट्रपिता महात्मा गांधी के नाम पर रखने की घोषणा की।मुख्यमंत्री ने बताया की कि बिजली संयंत्र का निर्माण कर रही कंपनी मैसर्ज झज्जर पावर लिमिटेड (चाइना लाइट एंड पावर इंडिया लिमिटेड का उपक्रम) द्वारा इस क्षेत्र में 100 बिस्तरों के एक अस्पताल और खेलों को प्रोत्साहित करने के लिए जिला स्तरीय स्टेडियम का निर्माण कराया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस क्षेत्र एवं गांव को निर्माण कंपनी द्वारा विकसित किया जाएगा। मुख्यमंत्री ने कहा कि 6,000 करोड़ रुपये की लागत से बनने वाले महात्मा गांधी बिजली संयंत्र की 660 मेगावॉट क्षमता की पहली इकाई दिसंबर 2011 तक काम करना शुरू कर देगी और इसी क्षमता की दूसरी इकाई मई 2012 में कार्य करना आरंभ करेगी।

Friday, January 9, 2009

खिलाड़ियों को मिलेगा पाँच हजार मानदेय

मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने प्रतिष्ठित पुरस्कार विजेता खिलाड़ियों को हर महीने पांच हजार रुपए का मानदेय देने का एलान किया है। इस समय प्रदेश में 49 अर्जुन पुरस्कार, चार द्रोणाचार्य पुरस्कार तथा 82 भीम पुरस्कार विजेता हैं।
अर्जुन पुरस्कार विजेता : उदय चंद-कुश्ती, मंसूर अली खां पटौदी-क्रिकेट, भीम सिंह-एथलेटिक्स, खुशीराम-बास्केट बाल, मास्टर चंदगी राम- कुश्ती, बलवंत सिंह-वालीबाल, जगरूप सिंह-कुश्ती, महताब सिंह-मुक्केबाजी, एमएस राणा-तैराकी, बहादुर सिंह-एथलेटिक्स, सुश्री गीता जुत्शी-एथलेटिक्स, राजेंद्र सिंह-कुश्ती, कपिल देव-क्रिकेट, ओमप्रकाश-बास्केटबाल, साबर अली-एथलेटिक्स, चांदराम-एथलेटिक्स, कृपाल पाटिल-जिम्नास्टिक, अजमेर सिंह-बास्केटबाल, सुरेश यादव- एथलेटिक्स, सुश्री सुनीता शर्मा-जिम्नास्टिक, सत्यवान-कुश्ती, दलेल सिंह-वालीबाल, अशोक कुमार-कुश्ती, आरएस भनवाला-नौकायन, शक्ति सिंह-एथलेटिक्स, राजकुमार-मुक्केबाजी, संजय कुमार-कुश्ती, अशान कुमार-कबड्डी, नरेंद्र कुमार-जूडो, रोहताश दहिया-कुश्ती, सुश्री अंजु दुआ-जिम्नास्टिक, सुश्री नीलम जे।सिंह-एथलेटिक्स, जितेंद्र कुमार-मुक्केबाजी, विवेक सिंह-निशानेबाजी, अमीर सिंह-वालीबाल, रमेश कुमार-कुश्ती, सुश्री ममता खरब-हाकी, राममेहर सिंह-कबड्डी, सुजीत मान-कुश्ती, इन्द्रपाल सिंह-रोईग, मेजर दीप सिंह एहलावत-एक्वेस्टि्रयन, अनिल कुमार- एथलेटिक्स, सुंदर सिंह-कबड्डी, प्रीतम ठाकरान-हाकी, रमेश कुमार-कबड्डी, अखिल कुमार, मुक्केबाजी, विजेंद्र सिंह-मुक्केबाजी, सुश्री गीतिका जाखड़-कुश्ती एवं रोहित भास्कर-शारीरिक रूप से विकलांग खिलाड़ी शामिल हैं।
द्रोणाचार्य विजेता : चार द्रोणाचार्य पुरस्कार विजेताओं में स्वर्गीय कै। हवा सिंह-मुक्केबाजी, एमके कौशिक-हाकी, बलवान सिंह-क बड्डी तथा जगदीश सिंह, बॉक्सिंग कोच, शामिल हैं।
भीम पुरस्कार विजेता : डा. रविंद्र चढ्डा-क्रिकेट, सुश्री /सर्वश्री सरकार तलवार-क्रिकेट, सुंदर सिंह-एथलेटिक्स, तिलक राज-टेबल टेनिस, सरदारा सिंह-एथलेटिक्स, जगदीश कुमार-कुश्ती, जेएस राव-क्रिकेट, जगमती सांगवान-वालीबाल लक्ष्मण सिंह-वालीबाल, ओमप्रकाश-वालीबाल, राजेंद्र कुमार-एथलेटिक्स, संदीप शर्मा-वालीबाल, सुरेश कुमार-कुश्ती, चेतन शर्मा-क्रिकेट, धर्मबीर-क्रिकेट, हनुमान सिंह यादव-वालीबाल, कुलदीप सिंह-कुश्ती, जगदीश चंद्र-वालीबाल, संत कुमार-एथलेटिक्स, धर्मवीर सिंह-कुश्ती, बलवान सिंह-कबड्डी, चरण सिंह- एथलेटिक्स, रोहताश सिंह-कुश्ती, कै. लीलाराम-कुश्ती, संदीप कुमार-मुक्केबाजी, राजेंद्र कुमार-जूडो, राजकुमार सांगवान-मुक्केबाजी, पुनम तनेजा-एथलेटिक्स, नरेंद्र सिंह-जूडो, संदीप क ौर-हाकी, सुनीता गोदारा-एथलेटिक्स, संजीव डांग-हाकी, जसवीर कौर-जूडो, संगीता करवस्तरा-वालीबाल शामिल हैं। तेजवीर सिंह-कुश्ती, सतीश कुमार यादव-जूडो, चंद्रपाल राठी-एथलेटिक्स, संदीप कौंटिया- हैंडबाल, भूपिंद्र कौर-हाकी, आरती कोहली-जूडो, पुनम छाबड़ा-जिम्नास्टिक, वीरेंद्र यादव-जूडो, कर्मबीर सिंह-कुश्ती, नरेंद्र कुमार-कुश्ती, सुरिंद्र कौर-हाकी, अनुराधा-जूडो, रामपाल-कोर्फबाल, कमला दलाल-हाकी, शमशेर सिंह-कबड्डी, यशपाल सोलंकी-जूडो, बलविंद्र कौर-हाकी, सुनीता दलाल-हाकी, नरेश कुमार-कुश्ती, गुरप्रीत कौर-हाकी, सौरभ-टेनिस, सुनीता शर्मा-कुश्ती, अरविंद-जूडो, मनोज कुमार- कुश्ती, सिमरजीत कौर-हाकी, सुषमा कुमारी-मुक्केबाजी, विरेंद्र सिंह-कुश्ती, श्वेता चौधरी-राइफल शूटिंग, नरेश कुमार यादव-नौका विहार, मीना कुमारी-मुक्केबाजी, सुमन बाला-हाकी, सतबीर सिंह- एथलेटिक्स, सुनील कुमार-एथलेटिक्स, संजय कुमार-वालीबाल, नेहा राठी- कुश्ती, अर्चना-जूडो, जसजीत कौर-हाकी, दिनेश कुमार-वालीबाल, नवीन कुमार-कुश्ती, राजविंद्र कौर-हाकी, ज्योत्सना-मुक्केबाजी, कृष्णा पुनिया- एथलेटिक्स, मनोज कुमार- निशानेबाजी, भूपेंद्र सिंह-एथलेटिक्स, जोयदीप कुमार-हाकी, मीना कुमारी-कुश्ती तथा गिरराज सिंह-विकलांग खिलाड़ी शामिल हैं।

Monday, December 29, 2008

कर्मचारियों को तोहफे

प्रदेश सरकार ने छठे वेतन आयोग की रिपोर्ट लागू करने की घोषणा कर कर्मचारियों को नए साल का तोहफा दिया है। साथ ही चुनावी मौसम में कर्मचारियों को रिझाने का भी प्रयास किया है। इस रिपोर्ट में सबसे अधिक फायदे में शिक्षक दिख रहे हैं। इससे वर्ष 2008-09 व 2009-10 के दौरान सरकार पर करीब 6431.26 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा। इससे प्रदेश के साढ़े तीन लाख कर्मचारियों को लाभ होगा। संशोधित वेतनमान पहली जनवरी 2006 से लागू होंगे। मंत्रिमंडल बैठक के बाद मुख्यमंत्री भूपेंद्र सिंह हुड्डा ने बताया कि हरियाणा देश का ऐसा पहला राज्य होगा जहां कर्मचारियों को नए वेतनमानों के एरियर का नकद भुगतान किया जाएगा। उन्होंने कहा कि कर्मचारियों को एलटीसी की सुविधा प्रदान करने के लिए चार वर्षो में एक बार एक माह का वेतन दिया जाएगा। इसके लिए उन्हें बिल देने की आवश्यकता नहीं होगी। उन्होंने कहा कि अगर नए वेतनमान के संबंध में किसी प्रकार की विसंगतियां हैं, तो उसे दूर करने के लिए मुख्य सचिव की अध्यक्षता में एक समिति गठित की जाएगी। वित्त विभाग के वित्त सचिव, विधि विभाग के विधि परामर्शी इसके सदस्य होंगे। वित्त विभाग के विशेष सचिव इसके सदस्य सचिव होंगे। कर्मचारियों को जनवरी 2009 से संशोधित वेतनमान दिए जाएंगे और बढे़ वेतन के एरियर की 40 प्रतिशत राशि की अदायगी वर्ष 2008-09 में की जाएगी। संशोधित भत्ते जनवरी 2009 से प्रभावी होंगे। वेतनमानों में संशोधन से सरकार पर वर्ष 2008-09 व 2009-10 के दौरान कुल 6431.26 करोड़ रुपये का अतिरिक्त भार पड़ेगा। सभी श्रेणियों के कर्मचारियों के संशोधित वेतन व भत्तों में पर्याप्त वृद्घि की गई है। उन्होंने बताया कि नए वेतनमान के कारण वर्ष 2006-2008 की अवधि के एरियर के भुगतान पर लगभग 3350 करोड़ रुपये खर्च होंगे।